
रेल हादसे में मौके से सिलेंडर, एक बोतल में ज्वलनशील पदार्थ व सफेद पाउडर बरामद
स्वराज इंडिया न्यूज ब्यूरो
कानपुर। प्रयागराज से भिवानी को जाने वाली 14117 कालिंदी एक्सप्रेस को गैस सिलेंडर से उड़ाने की साजिश उस समय नाकाम हो गई। जब ट्रेन के इंजन से टकराकर गैस सिलेंडर दूर जा गिरा लेकिन वह फटा नहीं। इंजन से टकराने के बाद शिवराजपुर क्षेत्र के मुडेरी गांव के पास क्रॉसिंग संख्या ४३ बी पर चालक ने ट्रेन खड़ी कर दी। करीब २० मिनट तक खड़ी रही। ट्रेन के चालक ने क्रॉसिंग के गुमटी में तैनात रेलवे कर्मचारी को सूचना दी। जिसकी सूचना के बाद रेलवे महकमे में हड़कम्प मच गया। मौके पर शिबराजपुर पुलिस, आरपीएफ व रेलवे की टीम मौके पर पहुंच गई। मौके पर छानबीन में एक एलपीजी का बड़ा सिलेंडर गैस से भरा हुआ ट्रैक किनारे पड़ा मिला। वहीं पास में एक बोतल में पीला पदार्थ व सफेद पाउडर भी था, जो ज्वलनशील पदार्थ लग रहा था। यह सब देख सुरक्षा महकमे के कान खड़े हो गये। कालिंदी ए क्सप्रेस को विस्फोट से उड़ा कर आग से अधिक से अधिक क्षति पहुंचाने की साजिश थी। रविवार रात करीब सवा आठ बजे के आसपास शिवराजपुर के मुडेरी गांव के पास की इस घटना ने स्लीपर सेल के सक्रिय होने की आशंका को बल दे दिया है। चालक ने गेटमैन को ट्रेन रोककर बताया कि लाइन के ऊपर एलपीजी का बड़ा सिलेंडर रखा हुआ था, जो ट्रेन से टकराया है। आप रेलवे विभाग को सूचना कीजिए मैं गाड़ी लेकर जा रहा हूं। जैसे ही सूचना नजदीकी रेलवे स्टेशन के मास्टर को मिली तत्काल रेलवे के अधिकारी, पुलिस व आरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचकर छानबीन करने में जुट गये जांच करने पर मौके से एक एलपीजी का बड़ा वाला भरा हुआ सिलेंडर बरामद हुआ। इसके अलावा एक बोतल में पीला पदार्थ भरा हुआ मिला व सफेद पाउडर भी मिला है। वहीं आशंका जताई जा रही है कि स्लीपर सेल किसी प्रकार की बड़ी घटना को अंजाम देकर दहशत फैलाना चाहते हैं। इज्जतनगर मंडल के पीआरओ राजेन्द्र सिंह ने बताया कि शिवराजपुर के क्रासिंग नं. 43 बी के पास 14117 कालिंदी ए क्सप्रेस को उड़ाने का प्रयास के तहत ट्रैक पर गैस से भरा सिलेंडर रखा गया था। जिसकी की जांच कॉज आरपीएफ को दी गई हैं। तीन दिन में जांच रिपोर्ट मांगी गई हैं।

ट्रेन चालक ने दूर सिलेंडर देख कम की रफ्तार
कानपुर। प्रयागराज से भिवानी जाने वाली 14117 कालिंदी एक् सप्रेस के चालक ने गैस सिलेंडर को ट्रैक में देख रफ्तार कम कर दी थी जिसके बाद भी इंजन से सिलेंडर टकरा गया। गनीमत रही कि सिलेंडर मौके पर फटा नहीं। अगर सिलेंडर फट जाता तो बड़ी जनहानि होती। जबकि शरारतीतत्वों ने मौके पर ज्वलनशील पदार्थ व सफेद पाउडर में रखा था जिससे उनका उद्देश्य अधिक क्षति पहुंचाना था। फिलहाल मामले की जांच आरपीएफ व पुलिस कर रही हैं।

सुरक्षा एजेंसियों की नींद उड़ी
कानपुर। साबरमती एक्सप्रेस की घटनी की जांच रिपोर्ट अभी नहीं आई है, लेकिन कालिंदी एक्सप्रेस की गैस सिलेंडर से उड़ाने की घटना ने सुरक्षा एजेंसियों की नींद on POW मात्र मिले सिलेंडर व एक बोतल में ज्वलनशील पदार्थ की जांच की जा रही हैं। सफेद पाउडर मिलने से आशंका है कि विस्फोट के दौरान ज्वलनशील पदार्थ में आग लगाने की तैयारी थी।

