कानपुर में लोकसभा चुनाव की वोटिंग से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। पूर्व केंद्रीय मंत्री श्री प्रकाश जायसवाल के भाई प्रमोद जायसवाल ने सीएम योगी आदित्यनाथ की जनसभा में बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की। कानपुर सीट गठबंधन के तहत कांग्रेस के पाले में आई है।
स्वराज इंडिया न्यूज ब्यूरो | उत्तर प्रदेश के कानपुर में कांग्रेस को जोरदार झटका लगा है। लोकसभा चुनाव के बीच नेताओं के पाला बदलने के दौर के बीच कानपुर लोकसभा सीट पर भी कांग्रेस से जुड़े परिवार के एक बड़े नेता ने पाला बदला है। यूपी में कांग्रेस के बड़े नेता रहे श्री प्रकाश जायसवाल के परिवार ने पार्टी को बड़ा झटका दिया है। उनके भाई प्रमोद जायसवाल ने हाथ का साथ छोड़कर कमल थाम लिया है। प्रमोद जायसवाल ने सीएम योगी आदित्यनाथ की जनसभा में सीएम के आने से पूर्व बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की। कानपुर में कांग्रेस ने आलोक मिश्रा और बीजेपी ने रमेश अवस्थी को प्रत्याशी बनाया है। इस सीट पर 13 मई को चाथे चरण के तहत वोटिंग होनी है। इससे पहले बुधवार को सीएम योगी आदित्यनाथ कानपुर के चुनावी मैदान में भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में उतरे।
पूर्व केंद्रीय कोयला मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल के भाई प्रमोद जायसवाल ने बुधवार को कांग्रेस का साथ छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया। मुख्यमंत्री के मंच पर ग्रामीण जिलाध्यक्ष दिनेश कुशवाहा ने पट्टा पहना कर बीजेपी की सदस्या दिलाई। इस दौरान प्रदेश सरकार में मंत्री राकेश सचान और अकबरपुर सांसद देवेंद्र सिंह भोले मौजूद रहे। कानपुर से पूर्व विधायक अजय कपूर ने मार्च महीने में दिल्ली कार्यालय में बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की थी। उन्होंने शपथ ली थी कि कानपुर को कांग्रेसविहीन कर देंगे। अजय कपूर के बीजेपी सदस्यता ग्रहण करने के बाद कानपुर के आधा दर्जन से अधिक पार्षदों, पूर्व विधानसभा प्रत्याशियों समेत लगभग तीन हजार कार्यकर्ताओं को बीजेपी की सदस्यता दिलाई थी। इसकी वजह से कानपुर में कांग्रेस पार्टी अंदर से खोखली हो गई है।
कांग्रेस को दिया पूरा जीवन
बुधवार को कानपुर में कांग्रेस को एक और झटका लगा है। पूर्व केंद्रीय कोयला मंत्री प्रकाश जायसवाल ने कांग्रेस पार्टी को पूरा जीवन दे दिया। कांग्रेस पार्टी ने उन्हें देश में पहचान दिलाई थी। श्रीप्रकाश जायसवाल कानपुर से पार्षद, मेयर और तीन बार सांसद रहे। इसके साथ ही यूपीए सरकार में उन्हें गृह राज्य मंत्री और कोयली मंत्री भी बनाया गया।
विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं प्रमोद
श्रीप्रकाश की उम्र ज्यादा हो जाने की वजह से उन्होंने राजनीतिक गतिविधियों से दूरी बना ली है। श्रीप्रकाश अपने छोटे भाई प्रमोद जायसवाल को सक्रिय राजनीति में लेकर आए थे। उन्होंने प्रमोद जायसवाल को विधानसभा चुनाव में आर्यनगर विधानसभा सीट से टिकट दिलाई थी। लेकिन प्रमोद जायसवाल को हार का सामना करना था। प्रमोद जायसवास बीते कुछ दिनों से संगठन से दूरी बना कर चल रहे थे। काफी पहले से इस बात के कयास लगाए जा रहे थे कि प्रमोद जायसवाल बीजेपी का दामन थाम सकते हैं।
मंच से दिलाई गई सदस्यता
बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ अकबरपुर प्रत्याशी देवेंद्र सिंह भोले के समर्थन में पतारा में जनसभा होनी थी। मुख्यमंत्री के मंच पर पहुंचने से ग्रामीण जिलाध्यक्ष ने प्रमोद जायसवाल को बीजेपी का पट्टा पहनाकर उनको बीजेपी की सदस्यता दिलाई। प्रमोद जायसवाल ने कहा कि बीजेपी में शामिल होने के बाद मैंने राहत की सांस ली। मैं संगठन के लिए दिनरात मेहनत करूंगा।