हादसे की जानकारी मिलते ही एसडीआरएफ और क्विक रिस्पांस टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई है. बारिश की वजह से रेस्क्यू में परेशानी हो रही है.
जम्मू-कश्मीर में शुक्रवार (29 मार्च) को भीषण सड़क हादसा हुआ. रामबन के पास जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाइवे पर एक कैब खाई में गिर गई, जिसकी वजह से इसमें सवार 10 लोगों की मौत हो गई. स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कैब सवारियों को लेकर जम्मू से श्रीनगर जा रही थी, तभी ये हादसे का शिकार होकर खाई में जा गिरी. घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू हो गया है.
जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाइवे पर हुआ ये हादसा रामबन इलाके के बैटरी चश्मा के पास हुआ. यात्रियों को लेकर जा रही कैब गहरी खाई में गिर गई. वहीं, जैसे ही स्थानीय प्रशासन को घटना की जानकारी मिली, वैसे ही पुलिस, स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (एसडीआरएफ) और रामबन से सिविल क्विक रिस्पांस टीम (क्यूआरटी) तुरंत मौके पर पहुंची. टीम ने तुरंत खाई में उतरकर बचाव अभियान शुरू कर दिया और लोगों के शवों को बाहर निकाला.
बारिश और अंधेरा बना रेस्क्यू ऑपरेशन की चुनौती
रेस्क्यू ऑपरेशन की शुरुआत सुबह-सुबह ही हो गई. मिली जानकारी के मुताबिक, अभी तक 10 लोगों के शव बरामद हुए हैं. हालांकि, इस इलाके में मौजूद गहरी खाइयों, अंधेरे और लगातार हो रही बारिश की वजह रेस्क्यू ऑपरेशन चुनौतीपूर्ण बनता जा रहा है. बीच में कुछ देर के लिए राहत-बचाव अभियान रोके जाने की भी जानकारी सामने आई. रेस्क्यू ऑपरेशन में सबसे ज्यादा मुसीबत बारिश बनी है, जिसकी वजह से बचाव कर्मियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है.
300 मीटर खाई में गिरी वैन
पुलिस के मुताबिक, ये हादसा शुक्रवार तड़के हुआ है, क्योंकि उन्हें लगभग 1.15 बजे हादसे की जानकारी दी गई थी. पुलिस ने बताया कि तवेरा कार वाली कैब यात्रियों को लेकर कश्मीर जा रही थी, लेकिन तभी रास्ते में उसके साथ अनहोनी हो गई. जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाइवे पर कैब 300 मीटर गहरी खाई में जा गिरी. अभी तक बाहर निकाले गए शवों को अस्पताल ट्रांसफर कर दिया गया है और परिजनों को सूचित करने की तैयारी की जा रही है.
जितेंद्र सिंह ने हादसे पर जताया दुख
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने रामबन में हुए हादसे को लेकर दुख जताया है. उन्होंने कहा कि दुखद सड़क दुर्घटनाको लेकर डीसी रामबन बशीर-उल-हक से बात की है. पुलिस, एसडीआरएफ और सिविल क्यूआरटी मौके पर पहुंच गई है. रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है. मैं लगातार संपर्क में हूं. शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं.