
प्रमुख संवाददाता स्वराज इंडिया, कानपुर। कानपुर मेडिकल कॉलेज (जीएसवीएम )की चर्चित पूर्व प्रधानाचार्य डॉक्टर आरती लालचंदानी के खिलाफ जमानती वारंट महानगरी मजिस्ट्रेट प्रथम की अदालत से जारी किया गया है. वह विगत कई वर्षों से अदालत में हाजिर नहीं हो रही थी. उनके खिलाफ डॉक्टर नीना रायजादा ने स्वरूप नगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था. जिसमें आरोप लगाया था कि डॉक्टर चांदनी ने उनको पागल घोषित करने का प्रमाण पत्र उनके विपक्षी गणों को दिया है। इस पर डॉक्टर चांदनी के खिलाफ स्वरूप नगर थाने में मुकदमा दर्ज हुआ परंतु तत्कालीन भ्रष्टाचारी इंस्पेक्टर राजीव सिंह द्वारा व नगर निगम चौकी इंचार्ज ने मुकदमा दर्ज होने के बावजूद उनके चरित्र सत्यापन में लिखा कि उनके खिलाफ यहां पर कोई मुकदमा दर्ज नहीं है । इसके पीछे उन्होंने लंबा चौड़ा कागजी खेल किया जो स्पष्ट रूप से सरकारी दस्तावेजों में मौजूद है और साक्षी के तौर पर यह मुकदमा जमानती वारंट जिसमें जारी हुआ है वह इस बात का प्रमाण है। स्थानीय न्यायालय ने उन्हें 18 अप्रैल 2025 को अदालत में तलब किया है । अब इससे डॉक्टर चांदनी की मुश्किलें और बढ़ती चली जा रही हैं, पूर्व में डॉ आरती लालचंदानी ने अल्पसंख्यक समुदाय पर एक टिप्पणी की थी जिस पर मुख्यमंत्री ने रातों-रात उन्हें यहां से विदा कर दिया था और डॉक्टर आरबी कमल को चार्ज दे दिया था, इतना ही नहीं झूठ बोलने में माहिर डाक्टर आरती लालचंदानी ने संक्रामक रोग में तैनात रही स्टाफ नर्स बिंदु यादव का आवास भी गलत ढंग से बगैर किसी की मौजूदगी के जिला अधिकारी को गुमराह करके दो दिन के अंदर तोड़फोड़ कर दी थी। जिसमें लाखों रुपए की लूटपाट की गई थी। इस प्रकरण में भी मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश दिए थे जिसे जांच में हेरा फेरी तत्कालीन एटीएम सिटी ने की। इसकी शिकायत तत्कालीन आयुक्त से की गई उन्होंने एडीएम सिटी की रिपोर्ट को निरस्त करते हुए नए सिरे से जांच करने के आदेश पारित किया परंतु वह जांच भी ठंडा बस्ती में जब चली गई तब अब यह मामला माननीय उच्च न्यायालय की चौखट पर चला गया है और पीड़ित बच्चों को माननीय उच्च न्यायालय से पूरे न्याय मिलने की उम्मीद है । डॉ नीना राय ज्यादा भी न्याय पाने के लिए पूरी तरह से कई वर्षों से संघर्ष कर रही थी जिसमें उन्हें अब सफलता मिलती दिख रही है।
सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक डॉक्टर नीना रायजादा ने आरती लालचंदानी के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी भी दायर कर रखी है।