
बहराइच, स्वराज इंडिया न्यूज़। बहराइच के महाराजगंज में हुए हत्याकांड के दो मुख्य आरोपियों की पुलिस से मुठभेड़ हो गई, जिसमें दोनों आरोपी घायल हो गए हैं। उनके पैरों में गोली लगी है। जानकारी के अनुसार, पुलिस ने नानपारा बायपास पर हांडा बसेहरी नहर के पास आरोपियों की घेराबंदी की। जहां पुलिस व आरोपियों के बीच जवाबी फायरिंग हुई जिसमें दो आरोपी घायल हो गए। आरोपियों के नाम मोहम्मद सरफराज और मोहम्मद तालीम हैं। यूपी के एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश ने बताया कि एनकाउंटर के बाद पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। ये सभी हिंसा के आरोपी थे। उन्होंने कहा कि आरोपी नेपाल भागने की फिराक में थे।
बहराइच के महाराजगंज हिंसा मामले में रामगोपाल को गोली मारने वाले मुख्य आरोपी सरफराज व उसके बड़े भाई तालिब के साथ गुरुवार को एसटीएफ और पुलिस की मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ नानपारा कोतवाली क्षेत्र कुर्मीनपुरवा हांडा बसरी लगभग दोपहर 2:00 के आसपास होना बताया जा रहा है। पुलिस को सूचना मिली थी कि दोनों आरोपी नेपाल भागने की फिराक में है। इसके बाद पुलिस ने दोनों की गिरफ्तारी के लिए घेराबंदी कर दी। पुलिस और एसटीएफ के बीच घिरा देखकर सरफराज और तालिब ने गोलीबारी शुरू कर दी। पुलिस और एसटीएफ ने भी जवाबी कार्रवाई की, जिसमें सरफराज के बाएं और तालिब के दाहिने पैर में गोली मारी गई। गोली लगने से बुरी तरह घायल दोनों आरोपियों को पुलिस एंबुलेंस से नानपारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाया गया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है।

अस्पताल के बाहर भारी पुलिस फोर्स तैनात
एनकाउंटर में गिरफ्तार सरफराज और तालिब का जहांपूरी जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। अस्पताल का पूरा परिसर छावनी में तब्दील कर दिया गया है। साथ ही हरदी थाना क्षेत्र के मृतक राम गोपाल मिश्रा के गांव में भर्ती बड़ी संख्या में पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया है। चारों तरफ बैरिकेडिंग कर आवागमन पूरी तरह से रोक दिया गया है। जिला अस्पताल में भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम बुला ली गई है। बताया जा रहा है कि उनके पैर में गोली लगने से हालत गंभीर है। जिला अस्पताल में एसपी शहर रामानंद कुशवाहा व सिटी मजिस्ट्रेट शालिनी प्रभाकर भी मौके पर मौजूद हैं। उधर मुख्य आरोपी की बहन ने खुलासा किया है कि उसके घर से एसटीएफ कल ही दोनों को पकड़ कर ले गई थी, उनके एनकाउंटर करने की प्रयास किया जा रहे हैं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बहन ने बचाने की मांग की है।

सरफराज की बहन बोली- कल ही पुलिस ने उठा लिया था
वहीं, बहराइच में जिस मकान मालिक अब्दुल हमीद पर राम गोपाल मिश्रा पर गोली चलाने का आरोप है उसकी बेटी रुखसार बता रही है कि कल 4 बजे मेरे पिता अब्दुल हमीद, मेरे दो भाई सरफराज, फहीम और उनके साथ एक अन्य युवक को यूपी एसटीएफ ने उठा लिया है। मेरे पति और मेरे देवर को पहले उठाया जा चुका है किसी भी थाने से उनकी कोई खबर नहीं मिल पा रही है। हमें डर है कि उनका एनकाउंटर कर हत्या की जा सकती है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपने परिजनों की सुरक्षा की अपील की है।

एक आरोपी बुधवार को हुआ था गिरफ्तार
महराजगंज बवाल में सीओ रवि खोखर व नवनियुक्त थानाध्यक्ष हरदी कमल शंकर चतुर्वेदी को बुधवार शाम ठोस जानकारी मिली। उन्होंने टीम के साथ राजी चौराहे पर दबिश दी। पुलिस ने नामजद महाराजगंज बाजार निवासी मोहम्मद दानिश उर्फ राजा उर्फ साहिर को धर दबोचा। वह नेपाल भागने की फिराक में था। तभी उसे पुलिस टीम ने पकड़ लिया। गोलीकांड का मुख्य आरोपी सरफराज और तालिब फरार चल रहा था, जिसे गुरुवार को पुलिस ने एनकाउंटर में गिरफ्तार कर लिया। सीओ रवि खोखर ने बताया कि न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया गया है।

चुनौती बन गई थी एटीएस के लिए सरफराज की गिरफ्तारी
बहराइच के महाराजगंज क्षेत्र में 13 अक्टूबर को मूर्ति विसर्जन के दौरान कहासुनी के बाद छत पर चढ़े रामगोपाल को गोली मार दी गई थी। इस हत्याकांड में सरफराज उर्फ रिंकू, फहीम व हमीद को आरोपी बनाया गया था। घटना के बाद से ही सभी फरार हो गए थे। जिला अस्पताल में रामगोपाल के दम तोड़ने के बाद रिश्तेदारों की मदद से सभी के रुपईडीहा बॉर्डर से नेपाल भागने की बात सामने आई थी। पुलिस सूत्रों का कहना था कि हमीद का बड़ा बेटा नेपाल में ही परिवार संग रह रहा है। घटना को अंजाम देने के बाद 14 अक्टूबर को सभी वहीं पहुंचे थे, लेकिन एटीएस के पीछे लगे होने की खबर पर वहां से भी वे सभी फरार हो गए हैं। ऐसे में एटीएस और आईबी की टीम नेपाली पुलिस के साथ उनकी तलाश कर रही थी।